यहां नाले की गैस से जलाई जाती है शहीदों के लिए 'अटल ज्योति - Aaj Ki Chitthi : पढ़ें हिंदी न्यूज़, Latest and Breaking News in Hindi, हिन्दी समाचार, न्यूज़ इन हिंदी

यहां नाले की गैस से जलाई जाती है शहीदों के लिए ‘अटल ज्योति

गाजियाबाद के साहिबाबाद से एक चौंकाने वाली खबर समाने आई है. यहां के एक नाले की गैस से शहीदों की याद में ‘अटल ज्योति’ जलाई जा रही है. ‘टाइम्स ऑफ इंडिया’ की एक रिपोर्ट के मुताबिक, बृज विहार इलाके में सात दोस्तों ने मिलकर एक ऐसा जुगाड़ तैयार किया है, जिसमें नाले से निकल रही मीथेन गैस का भरपूर इस्तेमाल किया जा रहा है.इससे पहले कई मीडिया रिपोर्ट्स में इस बात का जिक्र किया गया था कि नाले से निकली मीथेन गैस से चूल्हे पर खाना पकाया जाता है और गरीबों में उसे बांटा जाता है.साहिबाबाद ड्रेन से निकलने वाली मीथेन गैस ने कई लोगों के स्वास्थ्य पर भी असर डाला था. स्थानीय लोगों ने प्रशासन से इस बारे में शिकायत भी की थी, लेकिन किसी ने इस पर ध्यान नहीं दिया. इस प्लांट को बनाने में शामिल लोगों ने यूट्यूब की मदद ली और कामयाब भी रहे.रिपोर्ट के मुताबिक, नाले में चार बड़े कंटेनरों का इस्तेमाल किया गया है. इसमें गैस को इकट्ठा किया जाता है. इसके प्यूरिफिकेशन के बाद 24 घंटे में दो से तीन घंटे चलने भर की गैस जमा हो जाती है.इसकी मदद से एक जगह लैंप जलाई जाती है, तो दूसरी जगह जवानों के लिए अटल ज्योति. तीसरी जगह चूल्हे पर खाना बनाकर जरूरतमंद बच्चों में बांटा जाता है.बता दें कि इसके पहले पीएम नरेंद्र मोदी ने 10 अगस्त 2018 को विश्व जैव ईंधन दिवस (बायोफ्यूल डे) पर बेंगलुरु में एक प्रोग्राम को संबोधित करते हुए नाले की गैस से चाय बनाने वाले एक शख्स का किस्सा सुनाया था. इस उदाहरण के बाद कांग्रेस समेत कई लोगों ने पीएम मोदी का मजाक उड़ाया था. पीएम के इस बयान के बाद छत्तीसगढ़ के रायपुर में रहने वाले श्याम राव विर्के ने भी दावा किया था कि उन्होंने बायो-सीएनजी से बनने वाला एक मिनी कलेक्टर बनाया था, जो नालों की गैस का इस्तेमाल कर खाना पकाने के काम आ सकती है

Aaj kichitthi

Read Previous

राजस्थान में मार्च से मिलेगा बेरोजगारी भत्ता

Read Next

मुरेना-श्योपुर, भिड सांसदो की दावेदारी में हालत कमजोर वदल सकता है लोकसभा चुनाव में चेहरा ?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *